Chapter 79

बड़ कलहक संग मेल

Quick Answer

ई अध्याय बताबैत अछि जे गहन कलहक समाधान सेहो पूर्ण नहि भ सकैत अछि, कियाकि तन्हा किछु असंतोष बचि जाबैत अछि। संत लोग क्षमा आ परोपकारक मार्ग चुनैत अछि, मुदा दोसरसँ कुछ वापस माँग नहि करैत।

Key Concepts

  • 大怨
  • 执左契
  • 天道
  • 善人

Cite This Chapter

Laozi, Tao Te Ching, Chapter 79, "बड़ कलहक संग मेल", laotzu.ai: https://www.laotzu.ai/mai/chapters/79/

Classical Chinese, translation, and AI reflection are shown separately; cite this chapter URL for references.

和大怨,必有余怨,安可以为善?
是以圣人执左契而不责于人。有德司契,无德司彻。
天道无亲,常与善人。
बड़ कलहक संग मेल करैत, बचितो किछु असंतोष रहत। एहि कें काज कहि 'अच्छा' मानल जाय? एकरा खातिर संत लोग संविदाक बायाँ पार्टी धारण करैत अछि, मुदा मनुखसँ कुछ माँग नहि करैत अछि। जेकरा मे गुण अछि, ओ अनुबंधक जिम्मेदारी लेलत; जेकरा मे गुण नहि अछि, ओ कर लेलत। आकाशक मार्ग किछु परायर नहि करैत, मुदा सदा भल लोगक सँग रहैत अछि।

गहन चिंतन

ई अध्याय की बारे में बा?

ई अध्याय बताबैत अछि जे गहन कलहक समाधान सेहो पूर्ण नहि भ सकैत अछि, कियाकि तन्हा किछु असंतोष बचि जाबैत अछि। संत लोग क्षमा आ परोपकारक मार्ग चुनैत अछि, मुदा दोसरसँ कुछ वापस माँग नहि करैत।

एहि कें हमरा सँ की संबंध?

मह कलह होय तँ पूर्ण मेल कठिन हुअय। मेहि अनुभव भेल अछि जे किछु विवादसभ बादो हमरा मनमे बचल रहैत अछि। ई अध्याय मोय समझबैत अछि जे सब कलहक समाधान संभव नहि, मुदा क्षमा करब विशेष गुण अछि।

आइ हम की करी?

आजु जे किछु असंतोष मोरा मनमे अछि, ओकरा लेल क्षमा करब आ हरिबाससँ मुक्त होबाक प्रयास करू। कोनो पुरान कलहक बारेमे दोसर पर दोष नहि लगाबू, मुदा स्वयंक मन शांत करू।

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मम विचार

एहि अध्याय अहाँ केँ की प्रेरित करैत अछि? अहाँ एकरा कीदे लागू करब?

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